लोक निर्माण विभाग के सचिव, सचिन पंकज पांडे के अनुसार, इस नीति का मुख्य उद्देश्य जनता को गड्ढों, कीचड़ व धूल से राहत देना और यह सुनिश्चित करना है कि एक बार बनी सड़क को बार-बार तोड़ा न जाए। इससे सरकारी धन की बचत होगी और विभागों के बीच समन्वय भी बेहतर होगा।
देहरादून, 2 अगस्त: उत्तराखंड में बार-बार की सड़क खुदाई और उससे होने वाली जनता की परेशानी को खत्म करने के लिए लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) ने एक नई और सख्त नीति का मसौदा तैयार किया है। इस नीति के तहत अब साल में केवल दो महीने की एक निश्चित अवधि में ही सड़क काटने की अनुमति दी जाएगी, ताकि सड़कों को खराब होने से बचाया जा सके और विभागों में समन्वय स्थापित हो।
नई नीति के मुख्य बिंदु:
- निश्चित समय-सीमा: सड़क खुदाई के लिए साल में सिर्फ दो महीने का समय तय होगा। बाकी 10 महीनों में विशेष परिस्थितियों को छोड़कर खुदाई पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
- पूर्व-योजना और अनुमति: किसी भी विभाग (जैसे जल संस्थान, टेलीकॉम कंपनी आदि) को खुदाई से पहले पूरी योजना, समयसीमा और फोटोग्राफिक प्रूफ के साथ आवेदन करना अनिवार्य होगा।
- जुर्माना और जवाबदेही: समय पर काम पूरा न करने या अधूरा छोड़ने पर संबंधित विभाग पर जुर्माना लगाया जाएगा और विभागीय कार्रवाई भी होगी।
- डिजिटल निगरानी: पूरी प्रक्रिया को PM Gati Shakti Portal और Meri Sadak App जैसे केंद्रीय पोर्टलों से जोड़ा जाएगा, जहां काम की प्रगति का पूरा ब्योरा सार्वजनिक रूप से उपलब्ध होगा।
- जनता कर सकेगी शिकायत: आम नागरिक भी इन ऐप्स के माध्यम से किसी भी अव्यवस्था या अधूरी खुदाई की शिकायत सीधे दर्ज करा सकेंगे, जिससे पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ेगी।
इन एप को आप यहाँ से भी डाउनलोड कर सकते हैं. Meri Sadak App PM Gati Shakti Portal
